कहने को तो, सब अपने है ,
पर अपने मे अपना कौन ?
जीत में साथ निभाते सभी ,
हार में निभता कौन?
मुँह पर अच्छा बोलते सभी,
पीठ पीछे बोलता कौन ?.
षडयंत्र मुझे गिराने का रचते सभी ,
सुयोजना मुझे जिताने की करता कौन?
अपना अपना कहते सभी ,
अपनत्व निभाता कौन?
खुशी में साथ होते सभी,
दुख-दर्द में साथ होता कौन?
मैयत मे आंसू बहाते सभी,
जीवन मे आंसू पोछता कौन??
जाने के बाद अच्छाई करते सभी,
जीतेजी अच्छाई करता कौन?
तस्वीर को देख याद करते सभी,
सामने याद करता कौन?
बंधे सब नाजुक डोर से है,
इस डोर को सदा थामे रखता कौन?
Nyc one di
ReplyDeleteTopic is really the one which people will think for once....
ReplyDeleteAnd di you always rock by your words and stole my ❤️
It so real, well said Dr. Sanya
ReplyDeleteआप सभी का तहे दिल से धन्यवाद
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